बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता मिथुन चक्रवर्ती के बेटे नमाशी चक्रवर्ती ने अपने पिता के संघर्ष को लेकर खुलकर बात की है। एक इंटरव्यू में नमाशी ने कहा कि उनके पिता ने अपने करियर की शुरुआत बिल्कुल जीरो से की थी और इंडस्ट्री की पॉलिटिक्स से लड़ते हुए सुपरस्टार का दर्जा हासिल किया।
नमाशी ने बताया कि पापा एक लोअर मिडिल क्लास परिवार से आते हैं। उस समय न उनके पास घर था और न ही रास्ता दिखाने वाला कोई शख्स। ऐसे में कड़ी मेहनत और संघर्ष ही उनका एकमात्र सहारा था। भेदभाव और राजनीति का सामना करते हुए वे लगातार आगे बढ़ते रहे।
इंडस्ट्री में आए बदलाव पर बात करते हुए नमाशी ने कहा कि पहले इंडिपेंडेंट प्रोड्यूसर्स की भूमिका बहुत अहम होती थी, लेकिन आज गिने-चुने प्रोडक्शन हाउस ही पूरे बिजनेस पर हावी हो गए हैं।
अपने पिता को सबसे वर्सेटाइल अभिनेता बताते हुए नमाशी ने कहा कि ‘गोलमाल 3’ और ‘हाउसफुल 2’ में उनकी कॉमिक टाइमिंग कमाल की थी, जबकि 1990 में आई ‘अग्निपथ’ में भी उनके किरदार में कॉमेडी का रंग देखने को मिला था। वे ‘गोलमाल 3’ की सफलता पर काफी खुश थे।
बता दें कि नमाशी चक्रवर्ती जल्द ही लायंसगेट प्ले के प्रोजेक्ट ‘आखिरी सवाल’ में नजर आने वाले हैं, जिसमें संजय दत्त, अमित साध और समीरा रेड्डी जैसे कलाकार भी शामिल हैं। नमाशी का मानना है कि जीरो से शुरुआत करने वाला उनके पिता जैसा सुपरस्टार दोबारा नहीं बन सकता।
